
रायपुर: छत्तीसगढ़ सिख संगठन द्वारा आयोजित हजूर साहिब नांदेड़ एवं गुरुद्वारा नानक झीरा बिदर की निशुल्क धार्मिक यात्रा 12 मार्च को रायपुर के स्टेशन रोड स्थित गुरुद्वारा से रवाना हुई थी। यात्रा का नेतृत्व प्रदेश अध्यक्ष दलजीत सिंह चावला और संस्थापक हरपाल सिंह भामरा ने किया। इस यात्रा में छत्तीसगढ़ के सिख, सिंधी और हिंदू श्रद्धालु लगभग 1200 संगतों के साथ शामिल हुए। यात्रा के दौरान 13 बसों और 4 ट्रकों की व्यवस्था की गई थी।
रायपुर से शुरू होकर यात्रा राजनांदगांव गुरुद्वारा, यवतमाल होते हुए 14 मार्च को नांदेड़ साहिब पहुँची। यहाँ पर श्रद्धालुओं ने ऐतिहासिक गुरुद्वारों के दर्शन किए, जिनमें गुरुद्वारा माता साहिब कौर, शिकार घाट, नानकसर, रतनगढ़, हिरा घाट, माल टेकरी और लंगर साहिब प्रमुख रहे।
15 मार्च को सचखंड हजूर साहिब में होला महल्ला उत्सव मनाया गया। इसके बाद यात्रा बिदर रवाना हुई। 16 मार्च को संगत ने गुरुद्वारा नानक झीरा बिदर में आयोजित कीर्तन दरबार में हिस्सा लिया। यह वही स्थान है जहाँ गुरु नानक देव जी ने टीले से पत्थर हटाकर मीठे जल का प्रवाह किया था।
17 मार्च को यात्रा रायपुर के लिए रवाना हुई और 18 मार्च को सुबह यात्रा सकुशल रायपुर पहुँच गई। यात्रा के प्रमुख सेवादारों में जत्थेदार प्रदेश अध्यक्ष दलजीत सिंह चावला, हरपाल सिंह भामरा, गुरुचरन सिंह टैंक, जस्सी सिंह, चरन अरोरा, गुरुभेज सिंह, सागर सिंह, आशु राजपाल, मुरली खेमलानी, राजविंदर सिंह खालसा, रोहित, मोनू सलूजा और मनमीत सिंह होरा शामिल थे।
इस यात्रा ने श्रद्धालुओं को धार्मिक संतुष्टि और अध्यात्मिक अनुभव प्रदान किया।