
रायपुर। छत्तीसगढ़। सवर्ण समाज की ओर से सवर्ण आयोग के गठन की मांग लगातार बढ़ रही है। सवर्ण संघर्ष समिति के संयोजक संदीप तिवारी ने इस मुद्दे को जोर शोर से उठाते हुए कहा कि जैसे अन्य समाजों के लिए आयोगों का गठन किया गया है, उसी तरह सवर्ण समाज के लिए भी आयोग का गठन जल्द से जल्द होना चाहिए।
संदीप तिवारी ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय जी को पत्र लिखकर इस मामले पर ध्यान आकर्षित किया और कहा कि छत्तीसगढ़ में लगभग 8 प्रतिशत से भी ज्यादा सवर्ण समुदाय के लोग निवास करते हैं, जिनकी सामाजिक और आर्थिक स्थिति को बेहतर बनाने के लिए सवर्ण आयोग की आवश्यकता है। उन्होंने यह भी कहा कि सवर्ण समाज ने हमेशा से सामाजिक, राजनीतिक, और धार्मिक कार्यों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया है, लेकिन इस समाज के लिए किसी आयोग का गठन न होने से यह समुदाय उपेक्षित महसूस कर रहा है।
संदीप तिवारी ने विभिन्न समाजों के लिए बनाए गए आयोगों की प्रशंसा करते हुए कहा कि इन आयोगों के गठन से राजनीति में सामाजिक हिस्सेदारी बढ़ेगी और राजनीति में समानता का माहौल बनेगा। उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि सवर्ण समाज को राजनीति की मुख्य धारा में सही प्रतिनिधित्व देने के लिए सवर्ण आयोग का गठन किया जाए।
इसके अलावा, उन्होंने यह भी कहा कि छत्तीसगढ़ की प्रत्येक विधानसभा में, चाहे वह आरक्षित सीट हो या सामान्य, सवर्णों की एक उपस्थिति रहती है। ऐसे में यह समाज अपने आपको उपेक्षित महसूस करता है जब उन्हें सामाजिक और राजनीतिक महत्व नहीं मिलता।
संदीप तिवारी ने यह स्पष्ट किया कि सवर्ण आयोग के गठन से सवर्ण समाज में एकजुटता आएगी और वे सरकार के लिए एक मजबूत सहारा बनेंगे, जैसे अन्य समाज इस समय हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि मुख्यमंत्री जी इस मुद्दे को गंभीरता से लेंगे और सवर्ण समाज के लिए आयोग का गठन करेंगे।