
नई दिल्ली दुर्ग। आज संसद के शून्यकाल के दौरान छत्तीसगढ़ के दुर्ग से सांसद विजय बघेल ने मानव तस्करी और धर्मांतरण के एक गंभीर मामले को सदन के पटल पर उठाते हुए भावनात्मक और आक्रोशित अंदाज़ में सवाल किया,
क्या हम अपनी आदिवासी बेटियों की रक्षा नहीं करेंगे?
विजय बघेल ने यह मुद्दा दुर्ग रेलवे स्टेशन पर हुई उस घटना के संदर्भ में उठाया, जिसमें दो ननों द्वारा बस्तर की आदिवासी बालिकाओं को आगरा ले जाने की कोशिश को स्थानीय नागरिकों द्वारा रोका गया। उन्होंने बताया कि सतर्क नागरिकों की सूझबूझ से मानव तस्करी और धर्मांतरण के प्रयास को विफल किया गया।
कांग्रेस पर गंभीर आरोप:
सांसद बघेल ने सीधे तौर पर कांग्रेस नेतृत्व पर हमला बोलते हुए कहा कि –कांग्रेस के जिम्मेदार पदों पर बैठे लोग इस मुद्दे पर भ्रम फैला रहे हैं और ननों के समर्थन में खड़े होकर दबाव बनाने का काम कर रहे हैं।
उन्होंने राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा और कांग्रेस के अन्य नेताओं पर मानव तस्करी को “मौन समर्थन” देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि शांतिप्रिय छत्तीसगढ़ में कांग्रेस अराजकता फैलाने की कोशिश कर रही है।
“कानून अपना काम कर रहा है”
श्री बघेल ने यह भी कहा कि इस पूरे मामले की जांच प्रक्रिया कानून के दायरे में हो रही है, लेकिन विपक्ष इसे राजनीतिक रंग देकर दबाव बनाने की कोशिश कर रहा है।
सामाजिक प्रतिक्रिया:
इस बयान के बाद राज्य की राजनीति में हलचल बढ़ गई है।
सत्ताधारी दल कांग्रेस की तरफ से अभी तक कोई औपचारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है, लेकिन सूत्रों के मुताबिक कांग्रेस इन आरोपों को ‘भ्रम फैलाने वाला और राजनीति से प्रेरित’ बता सकती है।
