
रायपुर। छत्तीसगढ़ के आदिवासी क्षेत्रों में वन अधिकार पट्टों की कथित बेदखली और रिकॉर्ड गायब होने की घटनाओं को लेकर कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर सीधा हमला बोला है। कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने दावा किया कि भाजपा सरकार ने आदिवासियों की जमीन छीनकर उसे अडानी जैसे उद्योगपतियों को सौंपने का षड्यंत्र रचा है। वहीं लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भी इस मुद्दे को गंभीरता से उठाया है।
राहुल गांधी ने अपने अभियान “कागज मिटाओ, अधिकार चुराओ” के अंतर्गत तीन जिलों में वन अधिकार पट्टों की कथित कटौती से जुड़े आंकड़े साझा किए और आरोप लगाया कि भाजपा सरकार आदिवासियों को उनके जल, जंगल और जमीन से बेदखल कर रही है।
2788 पट्टे एक साल में हुए “गायब” – RTI दस्तावेजों से खुलासा
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि RTI से प्राप्त दस्तावेजों में इस बात की पुष्टि हुई है कि केवल बस्तर जिले में पिछले एक साल में 2788 वन अधिकार पट्टे कम कर दिए गए।
जनवरी 2024 तक जहाँ व्यक्तिगत पट्टों की संख्या 37,958 थी, वह मई 2025 में घटकर 35,180 रह गई।
अन्य जिलों में भी वन अधिकारों की कटौती
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राजनांदगांव जिले में सामुदायिक वन अधिकार पट्टों की संख्या लगभग आधी रह गई है।
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बीजापुर जिले में हर महीने पट्टों में लगातार कटौती देखी जा रही है।
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20 महीने की भाजपा सरकार में एक भी नया वन अधिकार पट्टा जारी नहीं हुआ, उल्टा पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार द्वारा जारी किए गए पट्टों को भी निरस्त किया जा रहा है।
“मुखौटा आदिवासी मुख्यमंत्री का, मगर शासन अडानी का”
दीपक बैज ने तीखा आरोप लगाते हुए कहा, “भाजपा केवल आदिवासी मुख्यमंत्री का मुखौटा दिखाकर असली में अडानी को लाभ पहुँचा रही है। आदिवासियों से उनकी जमीनें छीनी जा रही हैं और सरकार मूकदर्शक बनी हुई है।”
उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि:
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तमनार में 75 हेक्टेयर जमीन, जो वन अधिकार पट्टे के तहत आदिवासियों की थी, बिना निरस्तीकरण के अडानी को सौंप दी गई।
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हसदेव अरण्य के परसा कोल ब्लॉक सहित पांच कोल खनन क्षेत्रों में 1700 हेक्टेयर से अधिक जमीन अडानी को दी जा रही है।
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नंदराज पर्वत और बस्तर के अन्य इलाकों में कमर्शियल माइनिंग आदिवासियों की सहमति के बिना शुरू की जा रही है।
कांग्रेस का आरोप – “भाजपा की कथनी और करनी में अंतर”
दीपक बैज ने कहा कि भाजपा नेताओं का आदिवासियों के प्रति झूठा प्रेम केवल मंचों तक सीमित है, जबकि ज़मीनी सच्चाई ये है कि आदिवासी अधिकारों का लगातार हनन किया जा रहा है।
राहुल गांधी की चेतावनी
राहुल गांधी ने इस मुद्दे पर चेतावनी देते हुए कहा है कि कांग्रेस आदिवासियों के अधिकारों की रक्षा के लिए हर मंच पर लड़ाई लड़ेगी और “वन अधिकार कानून” के उल्लंघन को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
