रायपुर / बालोद जिले के डौण्डी गांव के प्रधान पाठक देवेंद्र कुमार कुमेटी की आत्महत्या ने कांग्रेस पार्टी की आदिवासी विरोधी नीतियों को लेकर एक बार फिर विवाद खड़ा कर दिया है। भारतीय जनता पार्टी (भा.ज.पा.) के प्रदेश प्रवक्ता देवलाल ठाकुर ने आरोप लगाया है कि इस आत्महत्या के मामले में पूर्व मंत्री मोहम्मद अकबर का नाम सामने आने से कांग्रेस की सरकार की भ्रष्टाचार की पोल खुल गई है।
ठाकुर ने कहा कि कांग्रेस ने अपने शासनकाल में न केवल घोटाले किए बल्कि आदिवासी समाज के लोगों को भी ठगा। उन्होंने आरोप लगाया कि मोहम्मद अकबर और उनके सहयोगियों ने आदिवासी समाज के एक व्यक्ति का इतना शोषण किया कि उसे आत्महत्या के लिए मजबूर होना पड़ा। ठाकुर ने कहा, “कांग्रेस ने आदिवासी समाज को लूटने का काम किया और इसका खामियाजा अब आदिवासी समुदाय भुगत रहा है।”
भा.ज.पा. के प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार में मंत्री और कार्यकर्ता सभी भ्रष्टाचार में शामिल थे, जिसका असर आदिवासी समाज के एक बड़े हिस्से पर पड़ा। उन्होंने कहा, “शिक्षक की आत्महत्या इस भ्रष्टाचार की जघन्य परिणति है। इस मामले ने प्रदेश के आदिवासी समाज में गहरे आक्रोश और दुख का माहौल पैदा कर दिया है।”
सुसाइड नोट में पूर्व वनमंत्री मोहम्मद अकबर और अन्य पर भ्रष्टाचार और नौकरी के नाम पर पैसे लेने का आरोप लगाया गया है। ठाकुर ने यह भी कहा कि कांग्रेस और उनकी भूपेश सरकार के भ्रष्टाचार की सच्चाई लगातार उजागर हो रही है, और हाल ही में कांग्रेस की टिकट सौदेबाजी का मामला भी सामने आया है।
भा.ज.पा. ने इस घटना को कांग्रेस के आदिवासी विरोधी चरित्र को उजागर करने वाला बताया और कांग्रेस की भ्रष्ट नीतियों की कड़ी निंदा की।
