देश के सबसे बड़े व्यापारिक संगठन कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) के नेतृत्व में आज संसद भवन में एक ऐतिहासिक आयोजन किया गया। इस विशेष अवसर पर देशभर से आए लगभग 150 प्रमुख व्यापारी नेताओं को नए और पुराने संसद भवन का भ्रमण कराया गया और संसद सत्र का प्रत्यक्ष अनुभव करने का भी अवसर मिला।
इस ऐतिहासिक दौरे का विशेष आकर्षण तब रहा जब लोकसभा अध्यक्ष माननीय ओम बिरला ने कैट व्यापारियों के प्रतिनिधिमंडल का संसद परिसर स्थित अपने मीटिंग कक्ष में विशेष स्वागत किया।
अपने संबोधन में बिरला ने कहा,कैट देश का एक सशक्त व्यापारिक संगठन है जो देशभर के व्यापारियों के हित में कार्य कर रहा है। व्यापारी वर्ग देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ की हड्डी है। वह न केवल रोजगार उत्पन्न करता है, बल्कि आर्थिक विकास में अहम भूमिका निभाता है।
उन्होंने यह भी कहा कि बदलते वैश्विक व्यापार परिवेश में व्यापारियों को तकनीक और नवाचार के साथ आगे बढ़ना होगा। बिरला ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वदेशी अभियान का हवाला देते हुए कहा किदेश के हित में अब स्वदेशी सामान खरीदना और बेचना समय की आवश्यकता है।
उन्होंने यह भी आश्वस्त किया कि व्यापारी समुदाय से जुड़े मुद्दों को यदि उनके संज्ञान में लाया जाए, तो वे उन्हें संसद में उठाने का हरसंभव प्रयास करेंगे।
कैट के राष्ट्रीय वाइस चेयरमैन एवं राष्ट्रीय व्यापारी कल्याण बोर्ड (भारत सरकार) के सदस्य अमर पारवानी, प्रदेश चेयरमेन मगेलाल मालू, विक्रम सिंहदेव, प्रदेश एक्जीक्यूटिव चेयरमेन जितेन्द्र दोशी, प्रदेश अध्यक्ष परमानंद जैन, प्रदेश महामंत्री सुरेन्द्र सिंह, प्रदेश कोषाध्यक्ष अजय अग्रवाल सहित कई वरिष्ठ पदाधिकारी इस अवसर पर उपस्थित रहे।
पारवानी ने बताया कि इस अवसर पर कैट द्वारा यह घोषणा की गई कि10 अगस्त से देशभर में ‘स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा’ देने हेतु राष्ट्रव्यापी अभियान की शुरुआत की जाएगी। यह अभियान न केवल देश की अर्थव्यवस्था को मजबूत करेगा बल्कि आत्मनिर्भर भारत की दिशा में भी एक मजबूत कदम साबित होगा।
कैट छत्तीसगढ़ के प्रमुख पदाधिकारी
अमर पारवानी, परमानंद जैन, विक्रम सिंहदेव, सुरेन्द्र सिंह, भरत जैन, कैलाश खेमानी, अवनीत सिंह, कान्ति पटेल और रतनदीप सिंह भी संसद भवन में आयोजित इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम में शामिल हुए।
यह आयोजन व्यापारिक जगत के लिए एक ऐतिहासिक क्षण बन गया, जब पहली बार उन्हें संसद में विशेष आमंत्रण, भ्रमण और लोकसभा अध्यक्ष से प्रत्यक्ष संवाद का अवसर प्राप्त हुआ।
